पैरोडियाँ :: पंकज प्रखर
राम को बहुत चाहने वाले को विरह मिलता है पर शोक नहीं
कविताएँ :: सुघोष मिश्र
भाग जाने की इच्छाओं के बीच
कविताएँ :: अपूर्वा श्रीवास्तव
वे जानते हैं एक समय बाद उन्हें बच्चा होना बंद करना होगा और उस क्षण वे अजनबी होंगे
लुइज़ ग्लुक की कविताएँ :: अँग्रेज़ी से अनुवाद : रंजना मिश्र
हवा की शून्य गहराइयों में रात की उन्मुक्त बाँसुरी
नीलमणि फूकन की कविताएँ :: असमिया से अनुवाद और प्रस्तुति : कल्पना पाठक
यह गतिहीनता एक स्त्री की कामना थी
कविताएँ :: शिवम तोमर