बेबी शॉ की कविताएँ :: बांग्ला से अनुवाद : अमृता बेरा
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नदी के किनारे दो बार रोने का कोई फ़ायदा नहीं, पहली लहर उसे पैदा करती है, दूसरी लहर उसे मिटा देती है
ग़ज़ा से कुछ कविताएँ और पत्र :: अँग्रेज़ी से अनुवाद : जोशना बैनर्जी आडवानी
सपना है कि सपने नए हों और उनमें ख़ूब जगह हो
कविताएँ :: मनोज कुमार झा
ऐसा जहाँ मेरी मर्दानगी को गवारा नहीं
शोएब कियानी की नज़्में :: उर्दू से लिप्यंतरण : ज़ुबैर सैफ़ी
संगीत के तमाम रागों के बीच जीवन का एक विषम राग
लंबी कविता :: प्रत्यूष चंद्र मिश्र
सारी बिकने वाली किताबें बेस्टसेलर हैं कि नहीं यह क़यास जाए भाड़ में
पैरोडियाँ :: पंकज प्रखर