कवितावार में मिरोस्लाव होलुब की कविता :: अनुवाद : प्रयाग शुक्ल
Posts tagged विश्व कविता
मैं एक पत्ती को देखती हूँ और उससे अपनी आस जोड़ लेती हूँ
आन येदरलुंड की कविताएँ :: अनुवाद और प्रस्तुति : गार्गी मिश्र
खालीपन के एहसास के बावजूद
यानुष षुबेर की कविताएं :: अनुवाद और प्रस्तुति : उदय शंकर
जीवन का एक नियम
कवितावार में इवान तुर्गेनेव की कविता :: अनुवाद : योगेंद्र आहूजा
कविता मेरे अधिकारों के विषय में
जून जॉर्डन की एक कविता :: अनुवाद और प्रस्तुति : अनुराधा सिंह
रहने दो मेरी कविता को खिड़की के कांच जैसा साफ
अन्ना कामीएन्सका की कविताएं :: अनुवाद और प्रस्तुति : उपासना झा