एलिस मुनरो के कुछ उद्धरण :: अँग्रेज़ी से अनुवाद : सरिता शर्मा
Posts tagged स्त्री विमर्श
हम स्त्रियाँ थीं
कविताएँ :: विजया सिंह
मैं गार्गी का अवतार नहीं ले सकती
कविताएँ :: जोशना बैनर्जी आडवानी
आग और पानी दोनों ही हवा का अनुवाद हैं
कविताएँ :: विनीता परमार
पर वेश्याओं ने तुम्हें कभी प्यार नहीं किया
कविताएँ :: अंकिता शाम्भवी
मैं शकुंतला नहीं जिसे तुम भूल जाओ
डॉ. वनिता की कविताएँ :: पंजाबी से अनुवाद : सुदर्शन शर्मा