स्वप्निल चक्रवर्ती की कविताएँ :: बांग्ला से अनुवाद : प्रशांत विप्लवी प्रेमी वह लड़का जो अपना सिर झुकाए निकल गया मेरा प्रेमी है। साड़ी माँगने पर चूड़ी लाता है चूड़ी माँगने पर बीस रुपये का बिंदी-पैकेट खाने की ख़्वाहिश करूँ तो मूँगफली नहीं माँगने पर सिर्फ़ चुंबन उसे अगर मैं अपने हृदय में झाँकने के लिए बोलूँ मेरे जन्म-दाग़ और तिल देखकर मुँह फेर लेता…
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मैं और कोई शिशुजन्म नहीं लूँगी इस देश में
बेबी शॉ की कविताएँ :: बांग्ला से अनुवाद : अमृता बेरा
कोमलता के पक्ष में कोई सत्य नहीं है
रणजीत दाश की कविताएँ :: बांग्ला से अनुवाद : बेबी शॉ
देश ने हमें कोई मातृभाषा नहीं दी अभी तक
शंख घोष की कविताएँ :: बांग्ला से अनुवाद : बेबी शॉ
बहुत दिनों तक चिड़िया की आवाज़ न सुनने से इंसान का एक हिस्सा ख़राब हो जाता है
सुबोध सरकार की कविताएँ :: बांग्ला से अनुवाद : अमृता बेरा
हमारा मर्म हमारे जीवन का शिल्प है
देवारति मित्र की कविताएँ :: बांग्ला से अनुवाद : बेबी शॉ